इंग्लैण्‍ड में आधुनिक सामाजिक सुरक्षा -द्वितीय विश्‍व युद्ध के बाद कल्‍याण क्षेत्र में कई नए कानून पारित हुए-

1941 में इंग्‍लैण्‍ड ने अपने सम्‍पूर्ण समाज कल्‍याणकारी कार्यक्रमों में सुधार करना प्रारंभ किया एवं लार्ड विलियम बेवरिज की अध्‍यक्षता में एक सामाजिक बीमा एवं सम्‍बन्धित सेवाओं पर अन्‍तर्विभागीय आयोग (inter-departmental Commission on Social Insurance and Allied Services) गठित किया। इस आयोग की रिपोर्ट में 5 कार्यक्रमों पर आधारित सामाजिक सुरक्षाकी एक व्यापक योजना प्रस्‍तुत की गयी।
बेवरिज रिपोर्ट
1941 में इंग्‍लैण्‍ड ने अपने सम्‍पूर्ण समाज कल्‍याणकारी कार्यक्रमों में सुधार करना प्रारंभ किया एवं लार्ड विलियम बेवरिज की अध्‍यक्षता में  एक सामाजिक बीमा एवं सम्‍बन्धित सेवाओं पर अन्‍तर्विभागीय आयोग (inter-departmental Commission on Social Insurance and Allied Services) गठित किया। इस आयोग की रिपोर्ट में 5 कार्यक्रमों पर आधारित सामाजिक सुरक्षाकी एक व्यापक योजना प्रस्‍तुत की गयी।
सामाजिक बीमा ।
जन सहायता।
बच्‍चों के भत्‍ते।
व्‍यापक नि:शुल्‍क स्‍वास्‍थ्‍य एवं पुनर्वास सेवाएँ एवं
पूर्ण रोजगार का अनुरक्षण।



इस आयोग का कहना है कि – आवश्‍यकता के साथ-साथ चार और दानव-
बीमारी (Disease)
अज्ञानता (Ignorance)
मलीनता (Squalor)
निष्क्रियता (Idleness) भी मानव कल्‍याण में बाधा डालते है।
- इस रिपोर्ट के आधार पर 1944 में अपंग व्‍यक्ति कानून (Disabled Persons Act) बना जिसके अधीन वाणिज्‍य तथा औद्योगिक प्रतिष्‍ठानों के लिए यह आवश्‍यक कर दिया गया कि वे अंपगों को रोजगार दे।
- 1944 में ही पेंशन एवं राष्‍ट्रीय बीमा मंत्रालय का गठन किया गया एवं इसके अधीन एक राष्‍ट्रीय सहायता परिषद बनायी गयीजो सहायता प्रदान करने के लिए उत्‍तरदायी थी।
- 1945  में परिवार भत्‍ता कानून पास किया गया।
- 1948 में राष्‍ट्रीय बीमा कानून बनाया गया जिसके अधीन स्‍वास्‍थ्‍य अपंगता एवं वृद्धावस्‍था बीमा इत्‍यादि योजनाएँ बनायी गयी। इस प्रकार –
  सामाजिक सुरक्षा के सभी अधिनियमों में समय-समय पर संशोधन करके सामाजिक सुरक्षा के कार्यक्रमों में कई बार उचित परिवर्तन किए गए है। Social Security Benefit Act 1975 ने इंग्‍लैड़ की जनता के लिए एक व्‍यापक सामाजिक सुरक्षा का कार्यक्रम निर्मित किया है।