जनसंख्या और पर्यावरण - Population and Environment

जनसंख्या और पर्यावरण - Population and Environment

जनसंख्या और पर्यावरण - Population and Environment

मनुष्य पर्यावरण का एक महत्वपूर्ण अंग है। वर्तमान संदर्भ में मनुष्य अपनविवेकशीलता से पर्यावरण को न केवल प्रभावित किया है, अपितु, उसे नियंत्रित करने की क्षमता भी रखता है। 20वीं शताब्दी में मनुष्य ने सामाजिक, आर्थिक व भौतिक जीवन के क्षेत्र में अप्रत्याशित उन्नति की है। मनुष्य द्वारा अपने कल्याणार्थ, पर्यावरण में छेड़छाड़ करना आरंभ किया गया। कुछ क्रांतिकारी परिवर्तन हुए यथा जनसंख्या में वृद्धि हुई औद्योगीकरण व नगरीकरण आदि के रूप में सुख-सुविधाओं का संचार हुआ में सिंचाई हेतु बाँध बनाए गए आदि। मनुष्य को इन परिवर्तनों के बदले भारी मूल्य चुकाना पड़ा। परिणाम यह हुआ कि जनसंख्या वृद्धि जल प्रदूषण वायु प्रदूषण सामाजिक प्रदूषण प्राकृतिक संसाधनों के दुरुपयोग की समस्या, स्वास्थ्य संबंधी समस्याएँ आदि प्रकार की चुनौतियाँ मनुष्य के सामने खड़ी हो गई हैं।