रचना एवं कृतियाँ - creations and works

रचना एवं कृतियाँ - creations and works


आर. के. मर्टन आरंभ से ही बड़ी पुस्तकें लिखने के बजाए छोटे-छोटे निबंध लिखे। इन्हीं निबंधों का संग्रह करके मर्टन 1949 में (Social Theory and Social Structure) नामक पुस्तक लिखी ।


हावर्ड विश्वविद्यालय के विज्ञान के इतिहास विभाग के संकाय अध्यक्ष जार्ज सटिन को मर्टन ने अपना निकट का शिक्षक और निर्देशक कहा। इनकी प्रेरणा से मर्टन की विज्ञान के इतिहास में रुचि बढ़ी। मर्टन ने इस संबंध में, (साइंस, टेक्नोलॉजी एंड सोसाइटी इन सेवन्टीन्थ सेंचुरी इंग्लैंड) नामक अत्यंत प्रभावी पुस्तक लिखी। विज्ञान के इतिहास की चर्चा में एवं यूरोप के उद्योग के इतिहास की चर्चा में लगभग प्रत्येक विद्वान इस पुस्तक की चर्चा करता है। अमेरिकी सरकार की परियोजना के अंतर्गत जनसंचार के साधनों के प्रभाव का आकलन करने के बाद (फोकस्ड इंटरव्यू) नामक पुस्तक लिखी।


मर्टन ने इसके बाद भी अनेक समाजशास्त्रीय निबंध लिखें हैं। इनकी प्रमुख कृतियाँ निम्नलिखित हैं-


• सोशल थ्योरी एंड सोशल रिसर्च (1949)

 

• साइंस, टेक्नोलॉजी एंड सोसाइटी इन सेवनटींथ सेंचुरी इंग्लैंड (1938)


• मार्स पर्सएशन (1946)


• फोकस्ड इंटरव्यू (1956)


• कंटेंपोरेरी सोशल प्रॉब्लमस (1961)


• आन दि सोल्डर्स ऑफ जाएटस (1965)


• आन थ्योरिकल सोशियोलॉजी (1967)


• सोशल थ्योरी एंड फंक्शनल एनालिसिस (1969)


• द सोशियोलॉजी ऑफ साइंस (1973)


• द सोशियोलॉजिकल एंबीवैलेंस (1976)