जादू के प्रकार - Types of magic
जादू के प्रकार - Types of magic
एस. सी. दुबे के अनुसार उद्देश्य के आधार पर जादू को तीन भागों में बांटा जा सकता है
संवर्धक जादू- अर्थात वृद्धि करने वाला, इसका उद्देश्य उत्पादन बढ़ाना, वर्षा लाना, व्यापार में उत्पादन बढ़ाना आदि होता है। उदाहरण आखेट का जादू उर्वरता का जादू, वर्षा के लिए जादू, मछली पकड़ने का जादू, नौका चलाने का जादू,
संरक्षक जादू - (प्रोटेक्टिव मैजिक) दूसरे जादूगर द्वारा किए गए जादू से रक्षा, संपत्ति की सुरक्षा, दुर्भाग्य से रक्षा किसी को दिए गए ऋण को पुनः प्राप्त करने के लिए या रोग उपचार के लिए। विनाशक जादू (डिस्ट्रक्टिव मैजिक) प्रतिपक्ष को हानि पहुंचाने, उसकी संपत्ति की हानि, मारने, बीमार करने आदि से संबंधित है।
मलिनोव्सकी का वर्गीकरण
मैलिनोवस्की के अनुसार जादू दो प्रकार के होते हैं
सफेद जादू (वाइट मैजिक)- समाज द्वारा स्वीकृत है क्योंकि उसका उद्देश्य दूसरों को लाभ पहुंचाना, परोपकार करना, जनकल्याण करना होता है।
काला जादू - (ब्लैक मैजिक)- इसे समाज स्वीकृति नहीं देता। यह प्रतिपक्ष को बीमार करने, उसकी संपत्ति को नष्ट करने या उसे मारने के लिए किया जाता है। सोसरी (मंत्र तंत्र) तथा विचक्राफ्ट (भूत प्रेतों) की सिद्धि को मैलिनोवस्की ने काले जादू के अंतर्गत रखा।
फ्रेजर ने जादू का वर्गीकरण सहानुभूतिक जादू
• अनुकरणआत्मक जादू सादृश्यमूलक, समानता के नियम पर आधारित लाइक प्रोड्यूसर्स लाइक। इसका प्रयोग अच्छे और बुरे दोनों कार्यों में किया जाता है। जैसे एस्किमो जनजाति में यह मान्यता है कि यदि किसी बच्चे की गुड़िया बनाकर किसी निसंतान मां को दी जाए तो निश्चित रूप से उसे बच्चा होगा। इसी प्रकार हो जनजाति में यह मान्यता है
की यदि दुश्मन की काठ की मूर्ति बनाकर उसके सीने और आंख में सुई चुभोया जाए तो दुश्मन के उसी अंग में चोट लगेगी। बिहार की कुछ जनजातियों में ऐसा विश्वास है कि पत्थरों को पहाड़ से गिराने पर गढ़-गढ़ की आवाज से बारिश हो जाती है। इसी प्रकार गोलालारी लोगों में ऐसी मान्यता है कि जब प्रेमी अपनी प्रेमिका से मिलने जाए और अगर वह शमशान की मिट्टी को प्रेमिका के घर के ऊपर डाल दे तो घर के सभी लोग गहरी नींद में सो जाते हैं और वे स्वतंत्र रूप से मिल सकते हैं। खोड़ जनजाति में वर्षा के लिए नर बलि दी जाती है ऐसी मान्यता है कि जैसे जैसे रक्त टपके का वर्षा भी वैसे-वैसे होगी।
• संक्रामक जादू (कॉन्टेजियस मैजिक) - संपर्क के नियम पे आधारित वन्स इन कोन्टक्ट आल्वेस इन कोन्टक्ट। इसकी मान्यता है कि कोई वस्तु किसी व्यक्ति से एक बार संपर्क में रहेगी तो सदैव उस व्यक्ति से उसका संपर्क बना रहेगा और अगर वस्तु पर कोई जादू की क्रिया की जाएगी तो संबंधित व्यक्ति अवश्य प्रभावित होगा।
जैसे संबंधित व्यक्ति के कपड़े या बालों और नाखूनों पर जादू करना। चेरोकी जनजाति में लड़की की नाल को धान की अनाज की कोठरी में छुपा देते हैं। उनका विश्वास है कि वह अच्छा खाना बनाएगी और लड़के की नाल को पेड़ पर टांग देते हैं। ऐसा माना जाता है वह आगे चलकर अच्छा शिकारी बनेगा।
जेम्स फ्रेजर जादू को सकारात्मक एवं नकारात्मक दोनों मानते हैं। सकारात्मक जादू में यह विश्वास व्यक्त किया जाता है कि अमुक कार्य / परिणाम प्राप्त करना है तो अमुक क्रियाएँ करनी होंगी। नकारात्मक जादू में टैबू या निषेध आते हैं जिसमें विश्वास किया जाता है कि ऐसा मत करो नहीं तो यह घटना घट जाएगी।
जादू-टोना तथा अभीचार या इंद्रजाल (Sorcery and Witchcraft )
इवांस प्रिचार्ड के अनुसार अभीचार वह कला है जो सीखी जाती है जबकि जादू-टोना की शक्ति किसी मनुष्य में अनुवांशिक या जन्मजात पाई जाती है अभीचार जादू का हानिकारक प्रयोग है आपके अनुसार जादू-टोना सामाजिक नियंत्रण का एक साधन भी है।
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