अवलोकन विधि की विशेषताएँ - Characteristics of Observation

अवलोकन विधि की विशेषताएँ - Characteristics of Observation


1. निरीक्षण में बालक के यथार्थ व्यवहार का अवलोकन किया जाता है।


2. इस विधि का प्रयोग शिशुओं एवं वयस्कों दोनों के व्यवहार के अवलोकन के लिए किया जा सकता है।


3. व्यवहार का अवलोकन स्वाभाविक परिस्थितियों में किया जाता है। 


4. इस प्रविधि का प्रयोग गूंगे, बहरे तथा अपंग व्यक्तियों के व्यवहार का मूल्यांकन करने के लिए भी किया जा सकता है। 


5. अबोध बालकों का अध्ययन करने के लिए अवलोकन एक अत्यंत उपयोगी विधि है।


6. इस विधि के प्रयोग में समान्यतः किसी विशेष प्रकार के प्रशिक्षण की आवश्यकता नहीं होती। इसका प्रयोग सभी व्यक्तियों द्वारा किया जा सकता है।


7. इस विधि द्वारा व्यक्ति या समूह का निरीक्षण एक ही समय में करना सम्भव है।