पाठ्यक्रम - syllabus
पाठ्यक्रम - syllabus
पाठ्यचर्या के लिए एक अन्य शब्द सेलबस या पाठ्यक्रम का प्रयोग किया जाता है। पाठ्यक्रम (Syllabus) शब्द संकुचित दृष्टिकोण का परिचायक है। पाठ्यक्रम दो शब्दों से मिलकर बना है। पाठ्य + क्रम अर्थात किसी विषय अध्ययन की वह विषय वस्तु जो क्रम से व्यवस्थित हो वह पाठ्क्रम कहलाता है। पहले पाठ्यचर्या के पाठ्यक्रम शब्द का ही प्रयोग किया जाता था। लेकिन अब इसके संकुचित मान्यता पर आधारित होने के कारणों पाठ्यचर्या शब्दो का प्रयोग किया जा रहा है। पाठ्यचर्या और पाठ्यक्रम में मूलभूत अंतर है।
पाठ्यक्रम में किसी विशेष स्तर पर अध्ययन किए जाने वाले विषय के प्रयोजनों, विषय-वस्तु, शिक्षक के लिए अध्यापन सहायक सामग्री, संदर्भ पुस्तकें मूल्यांकन आदि के संबंधित सुझाव आदि के बारे में जानकारी प्रस्तुत की जाती है। पाठ्यक्रम के सहारे शिक्षक को अपने विषय से संबंधित स्तर के अध्यपन कार्य में दिशा-निर्देश प्राप्त होता है।
पाठ्यक्रम (Syllabus) का एक अंग होता है। इसमें यह बताया जाता है कि वर्ष के लिए निर्धारित विषय-वस्तु को साप्तहिक मासिक तथा स्तर (Term) में कैसे पूरा करना है। पाठ्य-क्रम निर्माण में निम्नांकित बातों का ध्यान रखा जाता है.
1. उसमें विषय पढ़ाने के सामान्य उद्देश्य या अपेक्षित उपलब्धियाँ दी जाएँ।
2. वह छात्रों के मानसिक विकास स्तर तथा रुचियों के अनुकूल हो।
3. वह विद्यालय सत्र की अवधि में समाप्त हो सके।
4. उसके विभिन्न प्रकारणों को पढ़ाने के क्रम में संगठित किया जाए।
5. उसमें पूरक पठन सामग्री का निर्देश हो ।
6. उसमें शिक्षण-पद्धति तथा सहगामी क्रियाओं का संकेत हो।
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