अंतरराष्ट्रीय व्यापार समझौते - international trade agreements

अंतरराष्ट्रीय व्यापार समझौते - international trade agreements


समय-समय पर विदेशी व्यापार को ऐच्छित दिशा में निर्देशित करने के लिये विभिन्न राष्ट्रों के बीच व्यापारिक समझौते किये जाते है ये समझौते कुछ पडोसी देशों के मध्य, विभिन्न विकासशील देशों के मध्य या विकासशील व विकसित देशों के मध्य हो सकते है इन समझौतों में विदेशी व्यापार से संबंधित शत तय की जाती है जो सभी सदस्य देशों को मान्य हो इन समझौतों का उद्देश्य विदेशी व्यापार को बढ़ावा व विदेशी व्यापार की रुकावटों को दूर करना है। मुख्य अंतरराष्ट्रीय व्यापार समझौते निम्नलिखित है:


(1) सामान्यकृत अधिमान व्यवस्था यह विकसित व विकासशील देशों के मध्य व्यापारिक समझौता है। इसके द्वारा विकसित देश विकासशील देशों को विदेशी व्यापार पर विभिन्न टैरिफ व गैर टैरिफ रियायतें प्रदान करते हैं।


(2) व्यापारिक अधिमानों की विश्व व्यवस्था यह विकासशील देशों के मध्य किया गया व्यापारिक समझौता है इसके द्वारा विकासशील देश अन्य विकासशील देशों को विदेशी व्यापार पर टैरिफ व गैर टैरिफ रियायते प्रदान करते है। 


(3) प्रति व्यापार समझौता प्रति व्यापार ऐसा अनुबंध है जिसमें निर्यात करने के लिए उसी मूल्य का आयात करना पड़ता है। यह समझौता दो राष्ट्रों के बीच होता है जिसमें एक देश, दूसरे देश से इस शर्त पर आयात करता है कि दूसरा देश भी एक निश्चित समयावधि के अंतर्गत पहले देश के बराबर मूल्य की वस्तुओं का आयात करेगा। इस तरह के अंतरराष्ट्रीय व्यापार में विदेशी मुद्रा की आवश्यकता नहीं पड़ती और देश के भुगतान शेष पर कोई भार नहीं पडता यह एक वस्तु का विनिमय व्यापार है।