उच्च कर्मचारी आवर्तन की दर से उत्पन्न हानियाँ - Losses resulting from higher rate of employee turnover

उच्च कर्मचारी आवर्तन की दर से उत्पन्न हानियाँ - Losses resulting from higher rate of employee turnover


कर्मचारी आवर्तन से अधिक हानियाँ उत्पन्न हो जाती है और यदि आवर्तन की दर अत्याधिक है तो ये हानियाँ भी अधिक होती है। कर्मचारी आवर्तन से उत्पन्न होने वाली हानियाँ निम्नलिखित है


• उत्पादन में कमी


अनुभवी एवं कार्यकुशल कर्मचारियों के संस्थान से बाहर चले जाने का प्रभाव उत्पादन पर पड़ता है। नवीन कर्मचारियों को काम सीखने तथा पुराने कर्मचारियों के समान कार्यकुशलता प्राप्त करने में समय लगता है।


• उत्पादन लागत में वृद्धि


नवीन कर्मचारियों द्वारा अनुभव के अभाव में उत्पादन सामग्री का अपव्यय होता है। उत्पादन सामग्री की मितव्ययिता के अभाव में लागत बढ़ जाती हैं।


• नवीन कर्मचारियों की भर्ती से प्रशिक्षण व्यय में वृद्धि


नए कर्मचारियों के प्रशिक्षण आदि की नए सिरे से व्यवस्था करने की जरुरत होती है। फलतः संगठन का व्यय बढ़ जाता है।


• वर्तमान कर्मचारियों के मनोबल पर प्रभाव


एम.बी.ए.


कर्मचारियों के मनोबल पर विपरीत असर डालता है। ऐसे कर्मचारियों की कार्य करने में रुचि भी कम होती है और संगठन को उन पर भरोसा भी कम होता जाता है।


• अस्थायित्व


जिस संगठन में कर्मचारी आवर्तन की दर ज्यादा पाई जाती हैं, उसमें नए व्यक्ति भी आने में संकोच करते हैं। इस प्रकार की अवस्था में ऐसा भ्रम फैल जाना स्वाभाविक है कि संगठन रोजगार में स्थायित्व प्रदान करने में असमर्थ हैं। अतः ऐसे संगठन को कार्यकुशल कर्मचारी मिलने में काफी मुश्किल होती है।