शेयरधारियों के अधिकारों में परिवर्तन - Change in rights of shareholders

शेयरधारियों के अधिकारों में परिवर्तन - Change in rights of shareholders


कंपनी के विभिन्न प्रकार के शेयरधारियों को लाभांश तथा मतदान संबंधी विभिन्न प्रकार के अधिकार प्राप्त होते हैं। इन अधिकारों को वर्ग अधिकार कहा जाता है तथा इनका उल्लेख या तो अंतर्नियमावली या ज्ञापन पत्र या निर्गमन की शर्तों में किया जाता है। इन अधिकारों में कोई भी परिवर्तन कंपनी अधिनियम की धारा 48 के अधीन दी गई प्रक्रिया के अनुसार ही किया जा सकता है। परिणामतः विभिन्न प्रकार के शेयरधारियों के अधिकारों में परिवर्तन के लिए:


(क) कंपनी की अंतर्नियमावली अथवा ज्ञापन पत्र अथवा उन शेयरों के निर्गमन संबंधी नियमों द्वारा परिवर्तन संबंधी अनुमति होनी चाहिए, तथा


(ख) परिवर्तन से प्रभावित वर्ग के शेयरधारियों की अलग से सभा बुलाकर परिवर्तन की पुष्टि हेतु एक विशेष संकल्प पारित किया जाना चाहिए।


यदि शेयरधारियों के किसी एक वर्ग के परिवर्तन का प्रभाव शेयरधारियों के किसी अन्य वर्ग पर पड़ता हो तो एक विशेष संकल्प पारित करके शेयरधारियों के ऐसे अन्य वर्ग की सहमति भी ली जानी चाहिए।