पाठ का संपादन - text editing

 पाठ का संपादन - text editing


दस्तावेज संपादन की विशेषता यह होती है इसके द्वारा आप पूर्व में बनी हुई फ़ाइल को खोलकर उसमें परिवर्तन किया जा सकता हैं। किसी दस्तावेज को खोलने के बाद उसमें परिवर्तन करना संपादन कहलाता है। संपादन करने के लिए बैक स्पेस कुंजी, डिलीट कुंजी, एरो कुंजी तथा इन्सर्ट कुंजी का प्रयोग किया जाता है। डिलीट कुंजी वर्तमान में कर्सर के जगह से दायीं ओर के करेक्टर को हटाता है जबकि बैक स्पेस इसके विपरीत कर्सर के बायीं ओर के करेक्टर को हटाता है। जब हम दस्तावेज में पाठ टाइप करते हैं तो इस बात की बहुत संभावना होती है कि उसमें कुछ गलतियां रह जाएं। इस तरह की गलतियों को टाइपोग्राफिकल त्रुटि की संज्ञा दी जाती है। इन गलतियों को सुधारने के कार्य को संपादन कहते हैं।

पाठ की संपादन की सुविधा किसी वर्ड प्रोसेसिंग पैकेज की अहम सुविधाओं में से एक हैं। संपादन शुरू करने से पहले आपको कर्सर को उस स्थान पर रखना होगा जहाँ आप संपादन करना चाहते हैं। इसके बाद विभिन्न प्रकार के कुंजी और उसके आपसी जुड़ाव से आप दस्तावेज में कहीं भी आ-जा सकते हैं।


पाठ के चयन हेतु निम्नलिखित कार्य करने होंगे -


1. जहाँ से पाठ को चयन करना चाहते हैं वहाँ आप इनर्सशन प्वाइंट या कर्सरको रखें।


2. माउस के बायें बटन को दबाकर किसी भी दिशा में खींचे जिससे पाठ का चयन होगा। चयनित पाठ हाईलाइट हो जाएगा।