वैयक्तिक विक्रय का महत्व - The importance of personal selling
वैयक्तिक विक्रय का महत्व - The importance of personal selling
व्यवसाय जगत में जब से अदल-बदल प्रथा आरम्भ हुई है तभी से वैयक्तिक विक्रय सामने आया। आज भी वैयक्तिक विक्रय का बड़ा महत्व है। यही कारण है कि अमेरिका में कुल श्रमिक शक्ति का 10 प्रतिशत विक्रय कार्यों में लगा हुआ है। वैयक्तिक विक्रय का महत्व निम्नलिखित है
1. ग्राहको को अधिकतम संतुष्टि प्रत्येक विपणन प्रयत्न का उद्देश्य ग्राहको को अधिकतम संतुष्टि देकर लाभो में वृद्धि करना है। वैयक्तिक विक्रय इस उद्देश्य की प्राप्ति में भरपूर सहयोग देता है। इतना सहयोग विज्ञापन, विक्रय संवर्द्धन व अन्य साधनो से भी नही हो सकता है।
2. बिक्री का प्रभावशाली अस्त्र- वैयक्तिक विक्रय बिक्री करने का सबसे अधिक प्रभावशाली अस्त्र है।
इसके द्वारा ग्राहको में आवश्यकता उत्पन्न कर उन्हें क्रय करने के लिए प्रेरित किया जा सकता है और क्रेता के हाव भाव के अनुसार विक्रयकर्ता अपने व्यवहार में उचित समायोजन कर सकता है।
3. प्रबन्ध के लिए महत्वपूर्ण वैयक्तिक विक्रय के माध्यम से प्रबन्ध द्वारा विभिन्न प्रकार की सूचनायें एकत्रित की जा सकती है व वस्तुओं में उसी के अनुरूप परिवर्तन कर ग्राहको को और अधिक संतुष्ट किया जा सकता है।
4. ग्राहको के लिए महत्वपूर्ण ग्राहको के लिए वैयक्तिक विक्रय महत्वपूर्ण है। इसका कारण यह है कि -
(i) वस्तु की कार्य प्रणाली का प्रदर्शन भी वैयक्तिक विक्रय में किया जाता है। जिससे ग्राहक उसकी कार्य पद्धति से परिचित हो जाता है। कभी कभी स्वयं विक्रयकर्ता ग्राहक से उसको चलाने को आग्रह करते है।
(ii) वैयक्तिक विक्रय ग्राहकों की शंकाओं एवं आपत्तियों का समाधान करता है और उसके लिए उस वस्तु की उपयोगिता को बताता है।
(iii) वैयक्तिक विक्रय ग्राहको को जानकारी देता है।
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