अभिनवता को प्रोत्साहित करने में प्रबंधकों की भूमिका - The role of managers in promoting innovation

अभिनवता को प्रोत्साहित करने में प्रबंधकों की भूमिका - The role of managers in promoting innovation


किसी भी नए उत्पाद के विकास में प्रबंधकों की बहुत महत्वपूर्ण भूमिका रहती है। उत्पाद की विकास में प्रबंधकों का निम्न योगदान रहता है।


(1) सहयोगः - प्रबंधकों का कार्य अनुसंधान व विकास विभाग, विपणन विभाग तथा तकनीकी विभाग में नए उत्पाद के विकास के लिए सहयोग बनाना है समन्वय के द्वारा ही नए उत्पाद का निर्माण सफलतापूर्वक हो पाता है।


(2) सूचनाएं प्राप्त करना:- प्रबंधक अच्छी व जरूरी सूचनाएं, सूचना तथा प्रसारण विभाग से लेकर उपभोक्ताओं की आवश्यकताओं का पता लगाकर नए उत्पाद का डिजाईन तैयार करेंगे।


(3) अनुसंधान व विकास विभाग को प्रेरित करना:- प्रबंधक अनुसंधान व विकास विभाग को व्यापर मेले, ग्राहक तथा ग्राहक सूचना सामान बनाने के लिए प्रेरित करेंगी।


(4) तकनीकी जानकारी रखना:- एक प्रबंधक के लिए बहुत आवश्यक है कि उत्पाद के लिए प्रयोग कि जाने वाली तकनीक की पूर्ण जानकारी रखें। विपणन प्रबंधक को विपणन के उद्देश्य से यह पूर्ण जानकारी होनी चाहिए कि उत्पाद प्रतियोगियों के उत्पाद से कैसे बेहतर है।


(5) नए उत्पाद के विकास में रूचि:- उच्च प्रबंधकों के सदा नए उत्पाद की विकास प्रक्रिया में पूर्ण रूप से रूचि रखनी चाहिए। इस प्रोजैक्ट का समय-समय पर मूल्यांकन तथा चैकिंग होनी चाहिए।


(6) नियोजन के निर्देश:- समय-समय पर प्रबंधकों द्वारा नियोजन संबंधी निर्देश दिए जाने चाहिए। नए उत्पाद के विकास की जरूरतों का पता लगाना, पुराने उत्पाद में बदलाव लाने के निर्देश कब, कैसे किए जाएगे बताना।


(7) टीमवर्क :- उच्च प्रबंधकों का कार्य, अनुसंधान एवं विकास विभाग तथा विपणन विभाग के बीच में टीमवर्क की भावना को लेकर आना भी है। इनका कार्य है कि समय-समय पर मीटिंग बुलाकर पुरी टीम को कार्य विकास से अवगत करवाएं व कार्य की प्रेरणा दें।