बजटीय नियंत्रण के लाभ - Advantages of Budgetary Control

बजटीय नियंत्रण के लाभ - Advantages of Budgetary Control


बजटीय नियंत्रण को लागू किए जाने से निम्नलिखित मुख्य लाभ प्राप्त होते हैं: 


(1) तुलनात्मक अध्ययन: बजटीय नियंत्रण की प्रथम विशेषता तुलनात्मक अध्ययन करना है। इसके अंतर्गत बजट आंकड़ों अथवा अनुमानों की तुलना वास्तविक कार्य प्रणाली से की जा सकती है।


(ii) विचलनों का विशलेषण बजटीय नियंत्रण के अंतर्गत वास्तविक एवं प्रमापित आंकड़ों की तुलना के आधार पर विचलनों का पता लगाकर उनका गहराई से अध्ययन किया जाता है

और विचलनों के कारणों का खोज की जाती है। सुधारात्मक कार्यवाही: इसके अंतर्गत विचलनों के कारणों की खोज करके उनमें 


(iii) सुधार करने के उपाय सुझाए जाते हैं। अतः कहा जा सकता है कि बजटीय नियंत्रण क्रियाओं को सीधे तौर पर नियंत्रण नहीं करता बल्कि यह बताता है कि सुधारात्मक कार्यवाही की जरुरत कहां है और किस तरह की सुधारात्मक कार्यवाही की जानी चाहिए।


(iv) सभी विभागों के लिए बजटः इसके अंतर्गत किसी एक विभाग अथवा क्रिया के लिए बजट न बनाकर सभी विभागों अथवा क्रियाओं के लिए बजट बनाए जाते हैं और फिर सभी बजटों को एक मास्टर बजट के रूप में संगठित कर दिया जाता है।


(vi) पूर्वानुमानों पर आधारितः बजटीय प्रक्रिया में बजटों का निर्माण किया जाता है जिनका आधार पूर्वानुमान होता है।