हिन्दी की जनपदीय बोली - बघेली - District dialect of Hindi - Bagheli
हिन्दी की जनपदीय बोली - बघेली - District dialect of Hindi - Bagheli
इस भाषा का नामकरण बघेल राजपूतों के नाम पर हुआ है। अर्द्धमागधी अपभ्रंश से उत्पन्न बघेली भाषा का निकटतम सम्बन्ध अवधी भाषा परिवार से है। स्वाभावतः यह अवधी भाषा के निकट की ही एक उपबोली है। इसे रीवाँई भी कहते है। मध्यप्रदेश के रीवाँ, दक्षिण में मंडला, जबलपुर, बाँदा, हमीरपुर, फतेहपुर, नागोद, शहडोल, सतना मैहर तथा इसके आसपास तक विस्तृत बघेली बोली कुछ प्रमाण में महाराष्ट्र, उत्तरप्रदेश और कुछ अंशों में नेपाल में भी बोली जाती है। लोकसाहित्य की दृष्टि से भी बघेली की विस्तृत परम्परा रही है । ग्रियर्सन ने इसे स्वतन्त्र भाषा माना है जबकि बघेली और अवधी में विशेष अन्तर नहीं है।
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